इंस्पेक्टर तरुण पांडे ने की आत्महत्या ,गंभीर बीमारी से थे ग्रस्त
प्रयागराज/वाराणसी: प्रयागराज में रविवार शाम एक हृदयविदारक घटना सामने आई जब वाराणसी क्राइम ब्रांच में तैनात इंस्पेक्टर तरुण पांडेय (52) ने खुद को लाइसेंसी राइफल से गोली मारकर आत्महत्या कर ली। यह घटना प्रयागराज के म्योर रोड स्थित उनके निजी आवास पर शाम करीब 5 बजे हुई। तरुण पांडेय कुछ समय से प्रयागराज में अकेले रह रहे थे और रीढ़ की हड्डी की गंभीर बीमारी से परेशान थे। वह दिल्ली में अपना इलाज करा रहे थे और हाल ही में वापस लौटे थे। घटना का विवरण:रविवार को आसपास के लोगों ने उनके घर से गोली चलने की तेज आवाज सुनी। जब पड़ोसी मौके पर पहुंचे तो दरवाजा अंदर से बंद था और किसी भी तरह की प्रतिक्रिया नहीं मिली। इसके बाद लोगों ने पुलिस को 112 नंबर पर सूचना दी। पुलिस जब घर में दाखिल हुई तो बेड पर खून से लथपथ उनका शव पड़ा था।उनके पैर जमीन की ओर थे और राइफल पैरों के बीच पड़ी थी। कमरे में एक बीयर की बोतल भी गिरी हुई मिली। इंस्पेक्टर के एक हाथ में मोबाइल था, जिसमें वॉयस रिकॉर्डर चालू हालत में मिला। इससे अनुमान लगाया जा रहा है कि वह किसी को वॉयस मैसेज भेजने की कोशिश कर रहे थे।फॉरेंसिक टीम की जांच में हुआ खुलासा: फॉरेंसिक टीम की शुरुआती जांच में यह पता चला है कि पहली गोली मिस हो गई थी, जबकि दूसरी गोली गले को चीरते हुए सिर के ऊपरी हिस्से से निकल गई और छत पर जा लगी। गोली की ताकत इतनी अधिक थी कि छत का प्लास्टर तक उखड़ गया। गोली लगने से चेहरा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया था और आंखें बाहर निकल आई थीं। पारिवारिक स्थिति: इंस्पेक्टर तरुण पांडेय मूल रूप से गोंडा जिले के बैजलपुर गांव के रहने वाले थे। उनकी पत्नी पूनम पांडेय होली के समय अपने बेटे ईशान के पास बेंगलुरु गई थीं। मार्च महीने में ही उन्होंने अपनी बेटी अंशु की शादी की थी। घटना की जानकारी मिलते ही बेटी अंशु अपने पति के साथ लखनऊ से प्रयागराज पहुंचीं।